ब्रिटिश शासन का भारतीय अर्थव्यवस्था पर प्रभाव
Impact of British rule on the Indian economy
Question 37 of 45
Language:
Question 37
ब्रिटिश हाउस ऑफ कॉमन्स में चुने जाने वाले दादाभाई नौरोजी प्रथम भारतीय थे, जिन्होंने इस दल के टिकट पर चुनाव लड़ा- [B.P P.C.S. (Pre.) 2016]
A. (a) उदारवादी दल
B. (b) मजदूर दल
C. (c) कंजर्वेटिव दल
D. (d) साम्यवादी दल
Explanation दादाभाई नौरोजी (1825-1917 ई.) ने 1865 ई. में डब्ल्यू. सी. बनर्जी के साथ मिलकर लंदन इंडिया सोसायटी का गठन किया, जिसका कार्य भारत के दुःख दर्दों का प्रचार करना था। 1892 ई. में लिबरल पार्टी के टिकट पर ब्रिटिश हाउस ऑफ कॉमंस के लिए चुने जाने वाले वे पहले भारतीय थे। दादाभाई नौरोजी ने अपनी पुस्तक 'पावर्टी एंड अन-ब्रिटिश रूल इन इंडिया' में स्पष्ट रूप से ब्रिटिश शासन के दौरान भारत की आर्थिक दुरावस्था पर प्रकाश डाला तथा धन के बहिर्गमन अथवा धन के निकास सिद्धांत का सर्वप्रथम प्रतिपादन किया।
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